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समकालीन स्त्री कथाकार (Samkaaleen Stri Kathakaar)

समकालीन स्त्री लेखन की सशक्त और विविध आवाज़ों का प्रामाणिक दस्तावेज़, जिसमें 20+ प्रमुख महिला कथाकारों के रचना-संसार, संघर्ष और संवेदनाओं का गहन विश्लेषण प्रस्तुत है, जो स्त्री अस्मिता और बदलते सामाजिक यथार्थ को समझने में अत्यंत महत्वपूर्ण है।

by डाॅ. इन्दु श्रीवास्तव (Dr. Indu Srivastav)
₹350
Speech Publications · Hindi · 252

समकालीन हिन्दी साहित्य में स्त्री लेखन ने जिस सशक्त और व्यापक स्वरूप में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है, वह न केवल साहित्यिक परंपरा को समृद्ध करता है, बल्कि समाज की बदलती संवेदनाओं और यथार्थ को भी गहराई से अभिव्यक्त करता है। “समकालीन स्त्री कथाकार” इसी सशक्त स्त्री लेखन पर केंद्रित एक महत्वपूर्ण कृति है। इस पुस्तक में लगभग 21 से अधिक प्रमुख स्त्री कथाकारों के व्यक्तित्व और कृतित्व का गंभीर एवं विश्लेषणात्मक अध्ययन प्रस्तुत किया गया है। डॉ. इन्दु श्रीवास्तव ने प्रत्येक लेखिका के लेखन की विशेषताओं, उनके कथ्य, शिल्प, तथा सामाजिक सरोकारों को सूक्ष्म दृष्टि से परखा है। 

PublisherSpeech Publications
AuthorDr. Indu Srivastav
LanguageHindi
Pages252
Edtion2026
Available Yes
CoverHardbound 
Category Feminist Discourse

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